बच्चों को अंजीर खिलाने के 5 फायदे व रेसिपीज | Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi

 Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi

Image: Shutterstock

IN THIS ARTICLE

बढ़ती उम्र के साथ बच्चों के खान पान में कई तरह के बदलाव आते हैं, जिस कारण वो खाने-पीने में आना-कानी कर सकते हैं। ऐसे में माता-पिता के लिए यह जरूरी हो जाता है कि वो बच्चों के आहार में ऐसे खाद्य पदार्थ शामिल करें, जो विभिन्न पोषक तत्वों से भरपूर हों। अंजीर उनमें से एक है। स्वाद से भरपूर होने के साथ-साथ इसमें कई ऐसी विशेषताएं होती हैं, जो बच्चों के लिए फायदेमंद हो सकती हैं। मॉमजंक्शन के इस लेख में हम बच्चों के लिए अंजीर से जुड़ीं कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां बताएंगे। साथ ही कुछ स्वादिष्ट व आसान रेसिपीज भी साझा करेंगे, जो बच्चों के लिए बनाई जा सकती हैं।

लेख के शुरुआत में जानिए कि बच्चों को अंजीर खिलाना सही है या नहीं।

क्या बच्चों को अंजीर देना सुरक्षित है?| Baccho ko anjeer

जब मां बच्चों के लिए कुछ नया प्रयोग करती है, तो उसके मन में पहला सवाल बच्चे की सुरक्षा का होता है। ऐसे में हम बताना चाहेंगे कि अंजीर का प्रयोग बच्चे के लिए सुरक्षित है (1)। अंजीर एक गुणकारी फल है, इसमें प्रोटीन, फाइबर व कैल्शियम जैसे पोषक तत्व होते हैं (2)। ये पोषक तत्व बच्चों के स्वास्थ्य के लिए विभिन्न प्रकार से लाभदायक हो सकते हैं, जिसके बारे में हम विस्तार से इस लेख में आगे बताएंगे।

आइए, अब जानते हैं कि बच्चों को किस समय अंजीर खाने को देना चाहिए।

बच्चे को अंजीर देना कब से शुरू करें?

जब बच्चा छह महीने का हो जाए और आप उसे ठोस आहार देना शुरू कर दें, तब उसे अंजीर का सेवन कराया जा सकता है। शुरुआत में उसे कम मात्रा में दें, ताकि पता चले कि वह इसे हजम करने में सक्षम है या नहीं (3)। इसकी मात्रा बच्चे के शारीरिक विकास और स्वास्थ्य पर भी निर्भर करती है। इस कारण अपने बच्चे को अंजीर देने से पहले एक बार डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

लेख के आने वाले भाग में अंजीर में मौजूद विभिन्न पोषक तत्वों के बारे में जानेंगे ।

अंजीर के पोषक तत्व

अंजीर में कई प्रकार के मिनरल्स पाए जाते हैं, जिस कारण इसका सेवन सेहत के लिए लाभदायक हो सकता है। नीचे दी गई जानकारी की मदद से जानिए प्रति 100 ग्राम अंजीर में मौजूद विभिन्न पोषक तत्वों के बारे में (2)।

  • अंजीर में 74 कैलोरी ऊर्जा होती है, जबकि प्रोटीन की मात्रा 0.75 ग्राम होती है।
  • अंजीर में फैट की मात्र बहुत ही कम यानी 0.3 ग्राम होती है।
  • प्रति 100 ग्राम अंजीर में कार्बोहाइड्रेट की मात्रा 19.18 ग्राम व फाइबर 2.9 ग्राम होता है।
  • अगर बात की जाए मिनरलस की, तो इसमें कैल्शियम 35 मिलीग्राम, आयरन 0.37 मिलीग्राम, मैग्नीशियम 17 मिलीग्राम, पोटैशियम 232 मिलीग्राम व जिंक 0.15 मिलीग्राम पाया जाता है।
  • इसमें फोलेट भी होता है, जिसकी मात्रा 6 माइक्रोग्राम होती है।
  • साथ ही विटामिन-सी 2 मिलीग्राम, विटामिन-बी 6 0.113 मिलीग्राम और विटामिन-ए 7 माइक्रोग्राम पाया जाता है।

आइए, अब लेख के अगले भाग में जानते हैं कि अंजीर बच्चों के लिए किस प्रकार लाभदायक है।

बच्चों को अंजीर देने के फायदे

चाहे फल हों या सूखे मेवे सबके अपने अलग-अलग स्वाद और फायदे होते हैं। अंजीर में भी ऐसे कई गुण पाए जाते हैं, जो बच्चों के लिए विभिन्न प्रकार से फायदेमंद हो सकते हैं। विस्तार से जानते हैं बच्चों को अंजीर देने के फायदे।

  1. कफ से राहत – कफ एक तरह का संक्रमण होता है, जो फ्लू या अन्य इन्फेक्शन का एक लक्षण हो सकता है (4)। एक शोध में पाया गया है कि अगर बच्चों को कफ हो, तो उन्हें अंजीर देने से कुछ आराम मिल सकता है (1)। साथ ही अंजीर में इम्यूनोमॉड्यूलेटर प्रभाव होता है, जो संक्रमण और उसके लक्षणों से लड़ने में मदद कर सकता है (5)।
  1. पाचनतंत्र और कब्ज में सहायकबच्चों में कब्ज से संबंधित समस्याओं में अंजीर खिलाने से काफी राहत मिल सकती है (1)। अंजीर में फाइबर अच्छी मात्रा में होता है और फाइबर युक्त खाद्य पदार्थ के सेवन की सलाह कब्ज दूर करने के लिए दी जाती है (6)।
  1. डर्मेटाइटिस में उपयोगी – बच्चों को एटॉपिक डर्मेटाइटिस (त्वचा पर लाल, खुजलीदार चकत्ते) होना आम है। इससे राहत पाने में अंजीर का उपयोग लाभदायक हो सकता है। एक शोध में पाया गया है कि अंजीर के अर्क का प्रयोग त्वचा पर करने से कुछ हद तक इस समस्या के लक्षणों से राहत मिल सकती है (7)।
  1. कैल्शियम का स्त्रोत कैल्शियम शरीर के लिए आवश्यक खनिजो में से एक है। बच्चों में यह हड्डियों की मजबूती और विकास के लिए जरूरी होता है। अंजीर कैल्शियम का अच्छा स्त्रोत है। यही कारण है कि इसका सेवन बच्चों के लिए लाभदायक हो सकता है (8)।
  1. फोलेट की प्रचुरता – जैसा कि हमने बताया है कि अंजीर में फोलेट की अच्छी मात्रा होती है (2)। वहीं, एक शोध के अनुसार बच्चों के मानसिक विकास के लिए फोलेट सहायक हो सकता है। इसका पर्याप्त मात्रा में सेवन बच्चों को मस्तिष्क से जुडी विभिन्न बीमारियों जैसे ऑटिज्म से बचाने में लाभदायक हो सकता है (9)।

अगर आप जानना चाहते हैं कि अच्छे अंजीर की पहचान क्या है, तो लेख का अगला भाग जरूर पढ़ें।

अच्छे अंजीर को कैसे चुनें

फ्रेश अंजीर की जगह ड्राई अंजीर लोगो में ज्यादा प्रचलित है, क्योंकि यह वर्ष भर आसानी से उपलब्ध हो जाती है। अच्छे अंजीर को चुनते समय कुछ बातों का ध्यान रखाना जरूर है, जो इस प्रकार है।

  •  फ्रेश अंजीर लेते समय उसे अच्छे से देख लें कि वो कहीं से कटा, सड़ा, खराब न हो।
  • फ्रेश अंजीर पूरी तरह से पका हुए होना चाहिए। आधे पके या कच्चे अंजीर को न खरीदें।
  • फ्रेश अंजीर की शैल्फ लाइफ बहुत कम होती है। यह जल्दी खराब हो सकते हैं, इसलिए इन्हें कम मात्र में ही खरीदें।
  • ड्राई अंजीर की बात की जाए, तो वह किसी भी सुपर मार्केट में आसानी मिल जाते हैं। खुले अंजीर की जगह अच्छी पैकेजिंग वाले अंजीर को प्राथमिकता दें।
  • ऐसी अंजीर जिनमें से खट्टी खुशबू आने लगे, तो उन्हें खरीदने और उपयोग करने से बचें।

अब हम बच्चों के लिए अंजीर से बनने वाली कुछ स्वादिष्ट रेसिपीज पर चर्चा करेंगे।

बच्चों के लिए अंजीर की रेसिपीज

जितनी फिक्र बच्चों की अच्छी सेहत की होती है, उतनी ही चिंता उनको कुछ पौष्टिक आहार खिलाने की भी होती हैं। बच्चों को कुछ नया खिलाना किसी जंग से कम नहीं है। ऐसे में हम लाए हैं कुछ स्वादिष्ट और पौष्टिक अंजीर रेसिपीज। इन्हें एक बार ट्राय जरूर करें।

1. ताजे अंजीर की प्यूरी

Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi

Image: Shutterstock

सामग्री :

  • 2 ताजे अंजीर
  • स्वादानुसार शहद, शक्कर या ब्राउन शक्कर (वैकल्पिक)
  • अवश्यकतानुसार पानी (वैकल्पिक)

विधि :

  • सबसे पहले अंजीर को अच्छे से धोकर साफ कर लें।
  • फिर इसे बारीक टुकड़ों में काट लें।
  • कटे हुए टुकड़ों के साथ जरूरत के अनुसार पानी मिलाकर मिक्सर या ग्राइंडर में डालकर पेस्ट बना लें।
  • चाहें तो इसमें आवश्यकतानुसार मीठा मिला सकते हैं।
  • लीजिए तैयार है ताजे अंजीर की प्यूरी।

2. अंजीर मिल्कशेक

Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi

Image: Shutterstock

सामग्री:

  • 3 सूखे अंजीर
  • 1 कप दूध

विधि :

  • सबसे पहले अंजीर को अच्छे से धोकर साफ कर लें।
  • फिर अंजीर को रातभर के लिए पानी में डालकर रख दें।
  • अगली सुबह इसे पानी से निकल कर हाथों से मैश कर लें।
  • इसके बाद मैश की हुई अंजीर को मिक्सर में डालकर दूध के साथ ग्राइंड कर लें।
  • अब इसे गाढ़ा या पतला करने के लिए दूध की मात्रा बढ़ा या घटा सकते हैं।

3. सूखे अंजीर की प्यूरी

Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi (2)

Image: Shutterstock

सामग्री:

  • 2 सूखे अंजीर
  • स्वादानुसार शहद, शक्कर या ब्राउन शक्कर (वैकल्पिक)
  • अवश्यकतानुसार पानी

विधि :

  • सबसे पहले अंजीर को अच्छे से धोकर साफ कर लें।
  • फिर इसे 2 घंटे के लिए गर्म पानी में गला दें।
  • अब इसे पानी में से निकाल लें और छोटे-छोटे टुकड़ो में कट कर लें या हाथों से मैश कर लें।
  • फिर इसको मिक्सर में डालकर जरूरत के अनुसार पानी डालकर प्यूरी बना लें।
  • अब आप इसमें स्वादानुसार मीठा मिला सकते हैं।
  • आसानी से तैयार है सूखे अंजीर की प्यूरी।

4. अंजीर का पानी

Anjeer (Dry Figs) Benefits For Babies In Hindi (3)

Image: Shutterstock

सामग्री:

  • 7-8 सूखे या फ्रेश अंजीर
  • आवश्यकतानुसार पानी

विधि:

  • सबसे पहले अंजीर को अच्छे से धोकर साफ कर लें।
  • अगर सूखे अंजीर का प्रयोग कर रहे हैं, तो इसे पानी में डालकर उबाल लें।
  • ठंडा या गुनगुना स्वेच्छानुसार यह पानी छानकर बच्चों को दें।
  • अगर फ्रेश अंजीर का इस्तेमाल कर रहें हैं, तो इसे रातभर के लिए पानी में डाल दें। अगली सुबह यह पानी छानकर बच्चों को दें।

स्वाद और सेहत से भरपूर अंजीर एक गुणकारी ड्राई फ्रूट है। इसमें मौजूद पोषक तत्व व विटामिन्स बच्चों के लिए कई प्रकार से फायदेमंद हो सकते हैं। इसके लिए अंजीर को विभिन्न प्रकार से बच्चों को दिया जा सकता है। हमने इसकी कुछ आसान रेसिपीज भी आपके साथ शेयर की है। हम आशा करते हैं कि इन्हें आप जरूर ट्राय करेंगे। हां, अगर बच्चे को अंजीर खाने से किसी भी प्रकार की असहजता महसूस हो, तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें। इसी तरह की विभिन्न जानकारियों के लिए पढ़ते रहे मॉमजंक्शन।