बच्चों को तैरना (स्विमिंग) कैसे सिखाएं? | Baccho Ka Swimming Kaise Sikhaye

Baccho Ka Swimming Kaise Sikhaye

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बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए कई प्रकार की गतिविधियों की सलाह दी जाती है,  तैराकी भी उन्हीं में से एक है। माना जाता है कि तैराकी संपूर्ण शरीर के लिए अच्छा व्यायाम है। वहीं, देखा गया है कि बच्चों के लिए तैराकी को लेकर माता-पिता के मन में कई सारे सवाल रहते हैं, जैसे कि बच्चों को तैरना कब सिखाना चाहिए, तैराकी सिखाते समय कौन-कौन सी सावधानियों का ध्यान रखना चाहिए आदि। यही वजह है कि मॉमजंक्शन के इस लेख में हम बता रहे हैं कि बच्चों को स्विमिंग कैसे सिखा सकते हैं और स्विमिंग से बच्चों को कौन-कौन से फायदे हो सकते हैं। इसके अलावा, बच्चों को स्विमिंग सिखाने से जुड़ी कौन-कौन सी बातों का ध्यान रखना जरूरी है, इस विषय में भी बताया जाएगा। ध्यान रहे कि अपने बच्चे को तैराकी किसी स्विमिंग प्रोफेशनल की देखरेख में ही कराएं।

यहां सबसे पहले हम आपको बता रहे हैं कि बच्चे को स्विमिंग सिखाने की सही उम्र क्या होनी चाहिए।

बच्चों को तैरना किस उम्र से सिखाना चाहिए?

बच्चों को चार साल की उम्र से तैरना सिखाया जा सकता है। एक शोध के अनुसार, बच्चे की उम्र जब 4 साल के हो जाते हैं, तो वह तैराकी के बुनियादी कौशल सीखने के लिए सक्षम हो जाते हैं। इस उम्र में बच्चे के मन से पानी का डर आसानी से खत्म हो जाता है। वहीं, 4 साल से कम उम्र के बच्चों में पानी में जीवित रहने का कौशल (Water Survival Skills) और स्वतंत्र रूप से तैरने की क्षमता विकसित नहीं हो पाती है। इसके अलावा, शोध में यह भी देखा गया है कि साढ़े पांच साल की उम्र में बच्चे तैराकी के फ्रंट क्रॉल (छाती के बल तैरना) के लिए जरूरी स्किल्स को सीखने में कामयाब रहे (1)

आगे हम बता रहे हैं कि स्विमिंग करने से बच्चों को कौन-कौन से फायदे हो सकते हैं।

बच्चों को स्विमिंग से होने वाले फायदे

तैराकी एक व्यायाम माना जाता है, जिसके कई फायदे हो सकते हैं। बच्चों को स्विमिंग से होने वाले फायदे इस प्रकार हैं (2)

  • जीवन रक्षक कौशल – तैराकी न सिर्फ एक कला है, बल्कि बच्चों को सिखाया जाने वाला एक जीवन रक्षक कौशल है, जो उन्हें मुसीबत के समय बचाने में मदद करेगा।
  • अस्थमा में फायदेमंद – शोध में पाया गया है कि स्विमिंग फेफड़ों की कार्यक्षमता और कार्डियोपल्मोनरी फिटनेस (Cardiopulmonary Fitness, हृदय और फेफड़ों से संबंधित) में सुधार का काम कर सकती है। इस प्रकार यह अस्थमा से बचाव में मदद कर सकता है।
  • असक्षम (Disabled) बच्चों के लिए – जो बच्चे असक्षम होते हैं या जो किसी क्रानिक बीमारी से जूझ रहे  हैं, उनके लिए तैराकी या फिर पानी में किया जाने वाला व्यायाम आदर्श हो सकता है।
  • अन्य फायदे – तैराकी से शरीर में लचीलापन, मांसपेशियों की ताकत में वृद्धि, अवसाद में कमी, मनोदशा और हृदय स्वास्थ्य में सुधार हो सकता है।
  • बेहतर व्यायाम – जो बच्चे व्यायाम नहीं करते हैं, उनके लिए तैराकी एक बेहतर फिटनेस देने वाला व्यायाम हो सकता है।

स्विमिंग के फायदों के बाद अब हम स्विमिंग के कुछ दुष्प्रभाव बता रहे हैं।

बच्चों को स्विमिंग से होने वाले नुकसान

जहां एक ओर स्विमिंग के कई फायदे हैं, तो वहीं इसके कुछ नुकसान भी देखे गए हैं। स्विमिंग से होने वाले नुकसान इस प्रकार हैं (3) (4)

  • क्लोरीनयुक्त पानी में तैरने से आंखों में और त्वचा पर जलन पैदा हो सकती है।
  • क्लोरीनयुक्त पानी में तैराकी से श्वसन क्रिया और अस्थमा से संबंधित समस्या हो सकती है।
  • तैराकी से मूत्राशय के कैंसर का खतरा हो सकता है।
  • क्लोरीन वाले पानी के साथ सूर्य की किरणों के संपर्क में आने से मेलानोमा जैसे त्वचा के कैंसर का जोखिम हो सकता है।
  • सावधानी न बरतने पर तैराकी से गंभीर चाेट भी लग सकती है।
  • अधिक तैराकी हृदय प्रणाली को प्रभावित कर सकती है।

नुकसान के बाद अब बात करते हैं कि बच्चों को स्विमिंग कैसे सिखाई जा सकती है।

बच्चों को स्विमिंग कैसे सिखाएं?

अगर आप बच्चों को स्विमिंग सिखाना चाह रहे हैं, तो सबसे अच्छा तरीका है कि उन्हें स्विमिंग प्रोफेशनल की देखरेख में ट्रेनिंग दी जाए। इसके अलावा, उन्हें तैराकी सिखाने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना भी जरूरी है, जिसके बारे में आगे आर्टिकल में विस्तार से बताया गया है।

आइए, अब स्विमिंग से संबंधित कुछ काम की बातें जान लेते हैं।

बच्चों को स्विमिंग कराते समय इन बातों का रखें ध्यान

बच्चों को स्विमिंग सिखाते समय कुछ खास बातों को ध्यान में रखना जरूरी है। वो ध्यान देने योग्य बातें इस प्रकार हैं (5)

  • स्विमिंग कराते समय हमेशा अपने बच्चे के साथ रहें।
  • आपातकालीन स्थिति होने पर हमेशा किसी अनुभवी या लाइफ गार्ड को बुलाएं।
  • अगर पूल का गेट बंद है, तो बच्चे को गेट के पास न जाने दें।
  • हमेशा पूल नियमों का पालन करें।
  • बच्चों को कभी भी अकेले तैरने न दें।
  • पूल के आसपास बच्चों को भागने न दें, उनसे धीरे-धीरे चलने को कहें।
  • बच्चे को कम गहरे पानी में ही तैराकी सिखाएं।
  • ध्यान रहे कि बच्चे दूसरों को धक्का न दें। इससे वे किसी को या खुद को चोट पहुंचा सकते हैं।
  • स्विमिंग टॉय तैरने में मदद कर सकते हैं। शुरुआत में अपने बच्चों को स्विमिंग टॉय की सहायता से ही तैरना सिखाएं।
  • तैरने के दौरान बच्चे को च्यूइंग गम न दें, इससे दम घुट सकता है।

आर्टिकल के इस हिस्से में हम बता रहे हैं कि स्विमिंग क्लास का चयन करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

अपने बच्चे के लिए स्विमिंग क्लास का चयन करते समय इन बातों का रखें ध्यान

बच्चों को तैराकी सिखाने के लिए सही तैराकी प्रशिक्षण केंद्र का चयन भी जरूरी है। नीचे हम कुछ जरूरी टिप्स दे रहे हैं, जिसके माध्यम से आप सही स्विमिंग क्लास का चयन कर सकते हैं (6)

  • ट्रेनिंग सेंटर में बच्चों को दाखिला देने से पहले इस बात की पुष्टि कर लें कि ट्रेनिंग सेंटर बच्चों की सुरक्षा को लेकर कितना सतर्क है।
  • इस बात के बारे में पूरी जानकारी लें कि ट्रेनर अच्छी तरह से प्रशिक्षित है या नहीं।
  • ध्यान रहे कि ट्रेनिंग सेंटर में बच्चों और शिक्षकों की संख्या सही अनुपात में हो।
  • बच्चों को दिए जाने वाले प्रशिक्षण और पाठ्यक्रम के बारे में पूरी जानकारी लें।
  • ध्यान रहे कि माता-पिता को इस बात की छूट हो कि वो देख सकें कि उनके बच्चे किस प्रकार से ट्रेनिंग ले रहे हैं।
  • इस बात की पूरी जानकारी लें कि बच्चों को किस प्रकार के उपकरणों के माध्यम से सिखाया जा रहा है और वे बच्चों के लिए सुरक्षित हैं या नहीं।
  • किसी भी ट्रेनिंग सेंटर में दाखिला दिलाने से पहले इंटरनेट पर उसका रिव्यू जरूर देखें। यह चयन में आपकी कुछ हद तक मदद कर सकता है।
  • एक मजेदार माहौल के अलावा, ट्रेनिंग सेंटर में सीखने और एक दूसरे के प्रति सम्मान का कल्चर भी होना चाहिए।
  • ट्रेनिंग सेंटर में पूल का आकार भी देखें। बच्चों के लिए अनुकूल पूल का आकार तैराकी सीखने में मदद करेगा।

तैराकी न सिर्फ एक कला है, बल्कि मुसीबत के समय काम आने वाला अच्छा साथी भी है। बच्चों को सही उम्र से तैराकी सिखाने पर न सिर्फ उनके शारीरिक विकास में मदद मिलती है, बल्कि उनमें आत्मविश्वास भी बढ़ता है। आर्टिकल के माध्यम से हमने स्विमिंग से जुड़ी कई जरूरी बातों के बारे में बताया है। उम्मीद करते हैं कि यह आर्टिकल उन माता-पिता के लिए ज्यादा फायदेमंद होगा, जो अपने बच्चों को स्विमिंग सिखाने के बारे में सोच रहे हैं। आर्टिकल में दी हुई जानकारी आपके लिए किस प्रकार से फायदेमंद रही, नीचे दिये गए कमेंट बॉक्स में हमें बताना न भूलें।

संदर्भ (References) :

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