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प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स (नसों की सूजन): लक्षण व इलाज | Pregnancy Me Naso Ki Sujan Ka Ilaj

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गर्भावस्था के वक्त महिलाओं को कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मन में उमड़ रहे भावनाओं का बदलाव और इसी दौरान शरीर में हो रही तरह-तरह की परेशानियां गर्भवती को चैन से नहीं रहने देती है। इन्हीं शारीरिक समस्याओं में शामिल है वैरिकोज वेन्स। कई गर्भवतियों को वैरिकोज वेन्स की समस्या होती होगी, लेकिन सही जानकारी न होने के कारण वो इसे समझ नहीं पाती हैं। ऐसे में मॉमजंक्शन के इस लेख से हम प्रेगनेंसी और वैरिकोज वेन्स से जुड़ी हर जानकारी देने की कोशिश कर रहे हैं। प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स से जुड़ी ज्यादा से ज्यादा बातें जानने के लिए पढ़ते रहिए यह लेख।

सबसे पहले लेख के इस भाग में जानते हैं कि आखिर वैरिकोज वेन्स क्या होती हैं।

नसों की सूजन (वैरिकोज वेन्स) क्या हैं?

मुड़ी व सूजी हुई नसों को वैरिकोज वेन्स कहा जाता है। ये लाल या नीले रंग की नसें हो सकती है, जो त्वचा की सतह के नीचे दिखाई देती हैं। वैसे तो यह समस्या ज्यादातर पैरों में होती है, लेकिन कभी-कभी यह शरीर के अन्य हिस्सों को भी प्रभावित कर सकती है (1)। गर्भावस्था के दौरान वैरिकोज वेन्स होना काफी सामान्य है। लगभग 40 प्रतिशत गर्भवती महिलाओं को वैरिकोज वेन्स की समस्या हो सकती है (2)। हम जानकारी के लिए बता दें कि हेमोरोइड (Hemorrhoids) यानि बवासीर भी एक प्रकार का वैरिकोज वेन्स ही है। आगे हम प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स से जुड़ी अन्य जानकारियां विस्तारपूर्वक देंगे (3)

अब जानते हैं कि गर्भावस्था में वैरिकोज वेन्स कहां-कहां होता है।

प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स शरीर के किस हिस्से को प्रभावित करता है?

वैरिकोज वेन्स क्या है, यह तो आप जान ही गए हैं। अब हम यहां हम जानकारी दे रहे हैं कि प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स शरीर के कौन-कौन से हिस्सों को प्रभावित कर सकता है।

पैरों में वैरिकोज वेन्स

यह समस्या सबसे ज्यादा पैर को प्रभावित कर सकती है। इस दौरान पैरों में असुविधा, दर्द और यहां तक कि खुजली की समस्या भी हो सकती है। हालांकि, पहले भी हम जानकारी दे चुके हैं कि प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स होना सामान्य है (4)

योनि द्वार (vulva) में वैरिकोज वेन्स

प्रेगनेंसी के समय पैरों के अलावा योनि द्वार में भी वैरिकोज वेन्स की समस्या हो सकती है। यह महिला के गुप्तांग के बाहरी हिस्से में हो सकती है। इसे भी गर्भावस्था के दौरान सामान्य समस्या माना गया है। इस दौरान महिला को गुप्तांग में सूजन, भारीपन और असुविधा जैसी परेशानियां हो सकती है (5)

मलद्वार में वैरिकोज वेन्स

गर्भावस्था के दौरान बवासीर की समस्या कई महिलाओं को प्रभावित कर सकती है। इसमें कोई शक नहीं है कि बवासीर प्रेगनेंसी के सामान्य लक्षणों में से एक है, लेकिन क्या आपको पता है कि बवासीर एक प्रकार का वैरिकोज वेन्स है। मलद्वार में होने वाले वैरिकोज वेन्स को हेमोरोइड यानि बवासीर कहा जाता है (3) (4)  (7)

अब बारी आती है वैरिकोज वेन्स के लक्षणों को जानने की।

प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के लक्षण

अब सवाल यह उठता है कि वैरिकोज वेन्स के लक्षण क्या हो सकते हैं। यहां हम आसान शब्दों में वैरिकोज वेन्स के कुछ लक्षणों की जानकारी दे रहे हैं। इनमें से कुछ लक्षण सामान्य भी हैं। नीचे पढ़ें प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के कुछ मुख्य लक्षणों के बारे में, जो इस प्रकार हैं :

पैरों में वैरिकोज वेन्स के लक्षण

सिर्फ पैरों में वैरिकोज वेन्स के लक्षण कुछ इस प्रकार हैं (1) :

  • पैरों में भारीपन महसूस होना।
  • दर्द या अकड़न होना।
  • सूजी हुई नसें दिखना।
  • छोटी नसें जिन्हें आप त्वचा की सतह पर देख सकते हैं, जिन्हें स्पाइडर वेन्स कहा जाता है।
  • अक्सर रात में जांघ या काफ में ऐंठन महसूस करना।
  • गर्भावस्था के दौरान पैरों या टखनों में हल्की सूजन
  • खुजली होना।
  • पैरों में असुविधा महसूस होना।
  • देर तक खड़े रहने से पैरों में दर्द होना।
  • रूखी, फटी हुई व परतदार त्वचा।
  • घाव जल्दी ठीक न होना।

योनि द्वार (vulva) में वैरिकोज वेन्स के लक्षण

जैसा कि हमने पहले ही जानकारी दी है कि वैरिकोज वेन्स के लक्षण लगभग एक समान ही होते हैं, बस अंग बदल जाते हैं। ऐसे में योनि द्वार के वैरिकोज वेन्स के लक्षण भी कुछ ऊपर दिए गए लक्षणों की तरह ही है। ये लक्षण कुछ इस प्रकार है (5):

  • भारीपन महसूस होना।
  • गुप्तांग में सूजन या असुविधा महसूस होना।
  • गुप्तांग के पास नसें नजर आना।

मलद्वार में वैरिकोज वेन्स के लक्षण

बवासीर मलद्वार में वैरिकोज वेन्स का ही प्रकार है। ऐसे में इसके लक्षण कुछ इस प्रकार दिए गए हैं (3) (6):

  • मलद्वार में खुजली की परेशानी।
  • मलद्वार में दर्द की समस्या।
  • मलत्याग के दौरान दर्द होना या खून आना।
  • मलद्वार में सूजन।
  • बैठते वक्त दर्द महसूस होना।
  • मलद्वार पर एक या अधिक गांठ होना।

अब जानते हैं प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होने के कारण क्या-क्या हो सकते हैं।

प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के कारण

प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के लक्षण जानने के बाद लेख के इस भाग में हम प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होने के कारणों के बारे में जानकारी देंगे। प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होने के कारण कुछ इस प्रकार है :

  1. हॉर्मोन : गर्भावस्था के दौरान हॉर्मोन में होने वाले बदलाव के कारण महिलाओं को शारीरिक और मानसिक बदलावों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होना भी हॉर्मोन के उतार-चढ़ाव के कारणों में से एक हो सकता है (7) (8)
  1. वाल्व की समस्याएं : नसों में वाल्व की समस्याएं होने से भी गर्भावस्था के दौरान वैरिकोज वेन्स की परेशानी हो सकती है। दरअसल, वाल्व की समस्याएं रक्त को सामान्य रूप से बहने से रोक सकती हैं और वैरिकाज वेन्स या स्पाइडर वेन्स का कारण बन सकती हैं (9)। इसके अलावा, अगर बचपन से ही महिला को क्षतिग्रस्त वाल्व की समस्या रही हो, तो भी वैरिकोज नसें हो सकती है (1)
  1. वजन बढ़ना : गर्भावस्था के दौरान महिला का वजन बढ़ता है। ऐसे में अधिक वजन बढ़ने के कारण भी वैरिकोज वेन्स की समस्या हो सकती है (1)। दरअसल, वजन बढ़ने से नसों पर दबाव या भार पड़ने लगता है, जिस कारण वैरिकोज वेन्स की परेशानी हो सकती है।
  1. आनुवंशिक : वैरिकोज वेन्स के पीछे आनुवांशिक कारण भी हो सकता है। अगर गर्भवती के परिवार के किसी सदस्य को यह समस्या रही हो, तो गर्भवती को भी यह परेशानी हो सकती है (1) (4)
  1. गर्भाशय का बढ़ना:  वहीं, डॉक्टरों की मानें तो गर्भाशय का बढ़ना भी वैरिकोज वेन्स के कारणों में से एक है। दरअसल, प्रेगनेंसी में जैसे-जैसे गर्भाशय बड़ा होता है वो शरीर की बड़ी नसों (वेना कावा) पर दबाव डालता है, जो पैरों और पैरों से हृदय तक रक्त पहुंचाता है, इसलिए वेरिकोज की समस्या अधिकतर पैरो में होती है।

आगे जानते हैं गर्भावस्था के दौरान वैरिकोज वेन्स के इलाज से जुड़ी जानकारियों के बारे में।

प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के इलाज | Pregnancy Me Naso Ki Swelling Ka Ilaj

गर्भावस्था नाजुक वक्त होता है। इस दौरान डॉक्टर किसी भी तरह की शारीरिक समस्या का इलाज करने में अतिरिक्त सावधानी बरतते हैं। वैरिकोज वेन्स की परेशानी के लिए भी डॉक्टर प्राकृतिक इलाज का विकल्प चुनते हैं, जो इस प्रकार है (10) (11):

1. डाइट

जैसे कि ऊपर जानकारी दी गई है कि वैरिकोज वेन्स बढ़ते वजन के कारण भी हो सकती है। ऐसे में डॉक्टर वजन को संतुलित रखने की सलाह दे सकते हैं। इसके लिए वो गर्भवती की डाइट में भी बदलाव कर सकते हैं।

2. जीवनशैली में बदलाव

वजन को संतुलित रखने और वैरिकोज वेन्स से बचाव के लिए डॉक्टर महिला को हल्की-फुल्की एक्सरसाइज या योग करने की सलाह दे सकते हैं। बस ध्यान रहे कि गर्भावस्था के दौरान योग या एक्सरसाइज डॉक्टरी सलाह और विशेषज्ञ की देख-रेख में ही करें।

3. कंप्रेशन मोजा (Compression Stockings)

गर्भावस्था के दौरान वैरिकोज वेन्स की समस्या से राहत पाने के लिए डॉक्टर गर्भवती को कंप्रेशन मोजा पहनने की सलाह भी दे सकते हैं। इस तरह के मोजे पैरों को हल्का दबाए रखते हैं, जिससे नसों में सूजन की समस्या से कुछ आराम मिल सकता है। बस ध्यान रहे कि रात को सोने से पहले इन्हें जरूर उतार दें।

4. फाइबर युक्त खाद्य पदार्थ

हमने पहले ही जानकारी दी है कि बवासीर भी एक प्रकार का वैरिकोज वेन्स ही होता है। ऐसे में इससे बचने के लिए ज्यादा से ज्यादा फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करें और पानी पिएं, ताकि कब्ज की समस्या से बचाव हो सके। गर्भावस्था के दौरान कब्ज के कारण भी बवासीर की समस्या हो सकती है (6)

5. सर्जरी

आमतौर पर प्रेगनेंसी के दौरान नसों में सूजन के लिए सर्जरी का विकल्प नहीं लिया जाता है। हां, अगर वैरिकोज वेन्स की समस्या गंभीर हो, तो डॉक्टर सर्जरी का सहारा ले सकते हैं। इसमें दो तरह की सर्जरी हो सकती हैं, जो इस प्रकार हैं (7):

  • स्क्लेरोथेरेपी (Sclerotherapy)- इस दौरान नसों में रासायनिक घोल इंजेक्ट किया जाता है। इससे नसें कठोर होकर ठीक हो सकती हैं। यह सर्जरी छोटी वैरिकोज वेन्स को ठीक करने के लिए की जाती है।
  • फ्लीबेक्टॉमी (Phlebectomy) : इस सर्जरी के दौरान वैरिकोज वेन्स से प्रभावित जगह पर छोटा-सा सर्जिकल कट किया जाता है। इस कट के जरिए वैरिकोज वेन्स को हटाया जाता है।

अब जानते हैं वैरिकोज वेन्स के बचाव से जुड़ी कुछ बातें।

प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होने से बचाव

प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स होना सामान्य है, लेकिन कुछ टिप्स को फॉलो करके इसे कुछ हद तक कम किया जा सकता है। नीचे हम कुछ आसान वैरिकोज वेन्स उपचार की जानकारी दे रहे हैं। आप इन्हें वैरिकोज वेन का घरेलू उपचार का नाम भी दे सकते हैं (11) (1):

  • देर तक खड़े न रहें या देर तक एक ही मुद्रा में न बैठें।
  • वजन संतुलित रखने की कोशिश करें।
  • साइड करवट लेकर सोएं।
  • मलत्याग के दौरान ज्यादा जोर न लगाएं।
  • ज्यादा नमक न खाएं।
  • हाई हील्स वाले फुटवियर न पहनें।
  • डॉक्टर या विशेषज्ञ की देखरेख में गर्भावस्था के दौरान योग या व्यायाम करें।
  • हल्के-फुल्के शारीरिक कार्य जैसे – मॉर्निंग वॉक या इवनिंग वॉक करें।

यहां जानिए वैरिकोज वेन्स के दौरान डॉक्टरी सलाह कब जरूरी है। 

डॉक्टर से कब मिलें?

प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स के इलाज और बचाव के टिप्स, तो आप जान ही गए हैं। अब हम लेख के इस भाग में बताएंगे कि प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स के लिए कब डॉक्टरी सलाह लेनी जरूरी है। नीचे बताए गए स्थितियों में डॉक्टरी सलाह आवश्यक है (1):

  • प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स के कारण प्रभावित अंग में अधिक दर्द हो।
  • घरेलू उपचार या ऊपर बताए गए टिप्स से वैरिकोज वेन्स की समस्या बिल्कुल कम न हो।
  • पैरों में सूजन ठीक न हो।
  • प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स के साथ-साथ शरीर में सूजन, बुखार या प्रभावित अंग लाल होने लगें।
  • पैरों या दर्द से प्रभावित अंग पर घाव होने लगे।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. क्या प्रेगनेंसी में नसों का फूलना एक गंभीर समस्या है?

नहीं, गर्भावस्था के दौरान वैरिकोज वेन्स सामान्य है और यह हानिकारक नहीं है (3)

2. क्या गर्भावस्था के बाद वैरिकाज नसें चली जाती हैं?

हां, कुछ महिलाओं में गर्भावस्था के कुछ महीनों बाद वैरिकोज वेन्स की समस्या समाप्त हो जाती है। साथ ही ध्यान रहे कि हर महिला का शरीर एक जैसा नहीं होता है। ऐसे में हो सकता कि कुछ महिलाओं में गर्भावस्था के बाद यह समस्या ठीक हो जाए और कुछ महिलाओं में यह न ठीक हो (9)। उन्हें चिकित्सा की जरूरत पड़ सकती है।

इस लेख से आप जान गए होंगे कि प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स होना कितना सामान्य है। ऐसे में गर्भावस्था के दौरान नसों की सूजन की परेशानी से थोड़ी बहुत राहत पाने के लिए ऊपर बताए गए टिप्स को फॉलो किया जा सकता है। हालांकि, प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स की समस्या ज्यादा हो, तो डॉक्टर की सलाह लेने से परहेज न करें। कुछ घरेलू उपायों और डॉक्टर के द्वारा बताए गए तरीकों को फॉलो कर, प्रेगनेंसी में वैरिकोज वेन्स के लक्षणों को कम किया जा सकता है। प्रेगनेंसी के अन्य लक्षणों में वैरिकोज वेन्स भी शामिल है। ऐसे में घबराए नहीं, बल्कि प्रेगनेंसी में नसों की सूजन का इलाज कराएं। साथ ही प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स के इस लेख को अन्य लोगों के साथ साझा कर सभी को प्रेगनेंसी के दौरान वैरिकोज वेन्स से जुड़ी जानकारियां दें।

संदर्भ (References)